11/12/2018

Primary Memory In Hindi - प्राइमरी मेमोरी

Primary Memory In Hindi - प्राइमरी मेमोरी


प्राइमरी मेमोरी क्‍या होती है ? What Is Primary Memory in Hindi? कंप्यूटर में प्राइमरी मेमोरी जिसको मेन मेमोरी भी कहा जाता है |

Primary Memory In Hindi - प्राइमरी मेमोरी
Primary Memory In Hindi - प्राइमरी मेमोरी

Primary Memory: प्राइमरी मेमोरी क्‍या होती है - What Is Primary Memory in Hindi

प्राइमरी मेमोरी में वही डाटा, instruction होता है, जिन पर कंप्यूटर वर्तमान में काम कर रहा है | प्राइमरी मेमोरी में लिमिटेड कैपेसिटी होती है | लाइट जाने पर इस मेमोरी का डाटा लॉस्ट हो जाता है |
इसको temporary memory भी कहा जाता है | प्राइमरी मेमोरी मुख्य रूप से दो प्रकार की होती है, RAM, ROM.

Primary Memory दो प्रकार की होती है:  
रैम (RAM) Random Access Memory
रोम (ROM) Read Only Memory

1. RAM (Random Access Memory):
रैंडम एक्सेस मेमोरी CPU के बिच की इंटरनल मेमोरी है, जिसमे डाटा, प्रोग्राम, डाटा रिजल्ट को स्टोर करने के लिए होता है | RAM में डाटा तब तक स्टोर रहता है, जब तक कंप्यूटर ऑन है | एक बार कंप्यूटर ऑफ हो जाए तो RAM में का डाटा लॉस्ट हो जाता है | RAM को volatile भी कहा जाता है |

RAM दो प्रकार की होती है:

Static RAM (SRAM)

static RAM जिसको SRAM कहा जाता है | इसमें डाटा तब तक स्टोर रहता है, जब तक पॉवर सप्लाई ऑन है, पॉवर सप्लाई ऑफ होते है, डाटा लॉस्ट हो जाता है |


Dynamic RAM (DRAM)

डायनामिक मेमोरी में डाटा को स्टोर रखने के लिए continually refreshed होती रहती है |  DRAMs memory cells से बनती है जो capacitor and one transistor से बनी होती है |

2. ROM (Read only Memory):
ROM याने रीड ओनली मेमोरी कहा जाता है | इसके नाम से ही पता लग जाता है, इस मेमोरी के डाटा को सिर्फ रीड कर सकते है, इसमें कुछ write नहीं कर सकते |

ROM non-volatile मेमोरी होती है | इस मेमोरी में डाटा permanently स्टोर किया जाता है, जब मेमोरी manufacture की जाती है |

रोम 4 प्रकार की होती है :
PROM (Programmable Read Only Memory)
EPROM (Erasable and Programmable Read Only Memory)
EEPROM (Electrically Erasable and Programmable Read Only Memory)
MROM (Masked ROM)


06/12/2018

DTP Full Form- डीटीपी कोर्स डिटेल्स हिंदी

DTP Full Form- डीटीपी कोर्स डिटेल्स हिंदी


डीटीपी क्या है ? DTP Full Form in Hindi, DTP का Full Form क्या है, डीटीपी कोर्स डिटेल्स हिंदी में
दोस्तों क्या आपने कभी डीटीपी का नाम सुना है, या कही पढ़ा होगा, लेकिन क्या आप इसके फुल फॉर्म के बारे में जानते है ? अगर नहीं तो चलिए आज इसके बारे में पूरी जानकारी लेते है |

DTP Full Form
DTP Full Form


DTP Full Form: Desktop Publishing

DTP हमारे भारत देश में यह एक कोर्स है, जो कंप्यूटर से जुडा हुआ है |

डीटीपी क्या है ?
डेस्कटॉप पब्लिशिंग का मतलब होता है , हमारे कंप्यूटर याने डेस्कटॉप पर बैठकर publishing का काम करना | याने desktop पर बैठकर publishing software का इस्तमाल कर के business, organization या फिर खुद के लिए हाई क्वालिटी graphics तैयार करना |

desktop publishing software का इस्तमाल कर के हम page layout, design, पर काम करके हाई क्वालिटी ग्राफ़िक्स बनाते है ताकि उसको प्रिंट कर सके |
आपने मार्किट में कई सारे flex, banner देखे होंगे, वो इसी प्रकार याने DTP की से बनाए जाते है |

DTP कोर्स की जानकारी :

हमारे भारत में डीटीपी नाम का कोर्स मौजूद है | जिसमे अलग अलग institute में डीटीपी कोर्स सिखाया जाता है | जिसमे अलग अलग desktop publishing software का इस्तमाल करना सिखाया जाता है |
आप जहा एडमिशन ले रहे है, वहा का सिलेबस पहले देख ले की वो आपको कोनसा सॉफ्टवेर सिखाने वाले है |
डीटीपी में क्या पढाया जाता है ?

आम तौर पर डीटीपी में 3 सॉफ्टवेयर पढाए जाते है , adobe page maker, adobe Photoshop,  Corel draw.
Adobe Page Maker:
इस सॉफ्टवेयर की मदद से हम पेज पर वर्क कर सकते है, जिसमे अलग अलग ग्राफ़िक्स, लेआउट पर वर्क किया जाता है |

Adobe Photoshop:
Photoshop काफी पोपुलर सॉफ्टवेयर है, जिसकी मदद से हम फोटो पर वर्क करते है | इसमें images वर्क किया जाता है, अलग अलग इमेज को मिक्स करना, अलग अलग इफ़ेक्ट देना आदि |

Corel Draw:
Drawings and designs से जुडा सभी काम कोरेल ड्रा में किया जाता है |

कुछ Popular desktop publishing software

Xara Page & Layout Designer
Adobe PageMaker
Adobe InDesign CC
Microsoft Publisher
Viva Designer


Adobe Frame Maker
Corel Ventura
QuarkXPress
Page Plus
Express Publisher
Ventura Publisher

ऊपर दिए हुए कुछ पोपुलर डेस्कटॉप एडिटिंग सॉफ्टवेयर है |


05/12/2018

TRAI In Hindi –TRAI क्या है ?

TRAI In Hindi –TRAI क्या है ?


TRAI क्या है ? TRAI का फुल फॉर्म क्या है?

TRAI Full Form: Telecom Regulatory Authority of India जिसको हिंदी में भारतीय दूरसंचार विनियामक प्राधिकरण कहा जाता है |

TRAI In Hindi –TRAI क्या है ?

भारतीय दूरसंचार विनियामक प्राधिकरण भारत सरकार की एक संस्था है, जिसका निर्माण 1997 मे किया गया था |
ट्राई का कार्य है की भारत में दूरसंचार क्षेत्र के विकास को प्रोत्साहित करना | TRAI के बनाए गए रुल और रेगुलेशन के अनुसार सभी टेलिकॉम कंपनी, ऑपरेटर को इसका पालन करना पड़ता है |


अगर किसी ग्राहक को टेलिकॉम ऑपरेटर के प्रति कोई शिकायत है तो वो अपनी शिकायत TRAI से कर सकते है | अगर कोई भी टेलिकॉम ऑपरेटर दिए गए रुल, रेगुलेशन का उलंघन करता है तो उसके प्रति कारवाई हो सकती है |
ट्राई का मुख्यालय महानगर दूरसंचार भवन,जवाहर लाल नेहरू मार्ग, नई दिल्ली में है |
TRAI के अध्यक्ष डॉ. जे एस शर्मा है |
ट्राई की ऑफिसियल वेबसाइट : http://www.trai.gov.in/

TRAI के काम :
सेवा प्रदाता को लाइसेंस के नियम और शर्तें|
लाइसेंस के नियमों और शर्तों के अनुपालन ना करने के लिए लाइसेंस रद्द करना |
सेवा प्रदाताओं द्वारा प्रदान की जाने वाली सेवाओं में तकनीकी सुधार |


02/12/2018

DRDO Admit Card कैसे डाउनलोड करे

DRDO Admit Card कैसे डाउनलोड करे


DRDO Releases Admit Card for Senior Technical Assistant Exam, Candidates can download the DRDO STA admit card at drdo.gov.in

DRDO क्या है?

Defense Research and Development Organization भारत की एजेंसी है | जिसका काम होता है, मिलिट्री में रिसर्च और development करना |

DRDO का हेडक्वार्टर न्यू देल्ही में है | DRDO रक्षा मंत्रालय के रक्षा अनुसंधान और विकास विभाग के अधीन काम करता है |

DRDO Recruitment

DRDO में अलग अगल विभाग में रिक्रूटमेंट की जाती है, जिसमे अलग अलग पोस्ट जैसे Junior Research Fellow (JRF) Vacancies, Teaching Staff, Scientist  के लिए भरती की जाती है |
तो आज हम इस पोस्ट में आपके बताने वाले है की कैसे हमे DRDO की किसी भी एग्जाम का हॉल टिकेट कैसे डाउनलोड किया जाता है |

How to Download DRDO Admit Card: DRDO एग्जाम का एडमिट कार्ड कैसे डाउनलोड करे :

DRDO Details
Organization Name : Defense Research and Development Organization
Notification : Admit card / Hall Ticket / Call Letter
Job Category : Central Government
Official Website : www.drdo.gov.in

हॉल टिकेट डाउनलोड करने के लिए आपको निचे दी गई स्टेप फॉलो करनी है |

स्टेप 1:
सबसे पहले आपको Defense Research and Development Organization की ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना है |

स्टेप 2:
लेफ्ट साइड में What’s New Section दिखाई देगा, वहा पर क्लिक करे | 
DRDO Admit Card कैसे डाउनलोड करे

इस सेक्शन में आपको उस लिंक पर क्लिक करना जिस पोस्ट के लिए आपने अप्लाई किया है, जैसे CEPTAM – 09 Advt.

स्टेप 3:
वहा पर आपने जिस एग्जाम के लिए अप्लाई किया है, वो लिंक जैसे CEPTAM-08 Adv.: Candidates Admit Card Download for TIER-II Exam पर क्लीक करे |

स्टेप 4 :
एक नया पेज खुलेगा जिसमे निचे  download Admit card उसपर क्लिक करे |
download Admit card

स्टेप 5 :
लिंक पर क्लिक करने के बाद एक और पेज खुलेगा जिसमे आपको अपना Application No. & DOB डालकर लॉग इन करना है | लॉग इन करने के बाद आपको एडमिट कार्ड डाउनलोड करना है | और उसकी प्रिंट आउट निकाल लेनी है |

नोट : इसमें ध्यान रखे की DRDO किसी भी एग्जाम का हॉल टिकेट दिए गए टाइम के बिच ही डाउनलोड करना है, डेट चले जाने के बाद आप अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड नहीं कर सकते |

29/11/2018

Teacher Eligibility Test : शिक्षक पात्रता परीक्षा क्या है?

Teacher Eligibility Test : शिक्षक पात्रता परीक्षा क्या है?


What is TET, TET kya hota hai, Tet exam, Syllabus, Qualification?

Teacher Eligibility Test

Teacher Eligibility Test

TET: शिक्षक पात्रता परीक्षा टीईटी के रूप में जानी जाती है शिक्षकों के लिए एक भारतीय प्रवेश परीक्षा है |
कक्षा 1 से कक्षा 8 तक सरकारी स्कूलों में शिक्षक की नौकरियां प्राप्त करने के लिए परीक्षा अनिवार्य है |
TET में दो पेपर होते है, जिसमे पेपर 1 उन आवेदकों के लिए है जो Class 1 से Class 5 तक पढाना चाहते है | और पेपर 2 उन आवेदकों के लिए है जो Class 6 से Class 8 तक पढाना चाहते है |

TET की एग्जाम सेंट्रल गवर्नमेंट और स्टेट गवर्नमेंट दोनों आयोजित करती है | लेकिन सभी स्टेट की अपनी अपनी TET की एग्जाम होती है |

What is CTET?

CTET : CBSE द्वारा पूरा भारत में एग्जाम कंडक्ट की जाती है, जिसको Central Teacher Eligibility Test (CTET) कहा जाता है |


CTET सिर्फ सेंट्रल गवर्नमेंट स्कूल जैसे KVS, NVS Central Tibetan Schools आदि के लिए वैलिड होती है |

TET के लिए Qualification?

इसमें दो पेपर होते है, वो हमने ऊपर बताया है, जिसमे पेपर एक और पेपर दो के लिए अलग अलग क्वालिफिकेशन की जरुरत होगी |

Paper - 1
Senior Secondary or its equivalent with at least 45 percent
Two Year Diploma in Elementary Education (D.El.Ed.)/Four-year Bachelor of Elementary Education (B.El.Ed)

Paper - 2
Graduate in Any Stream (B.A/B.com/B.sc)
Two Year Diploma in Elementary Education (D.El.Ed.)/Bachelor in Education (B.Ed)/Four-year Bachelor of Elementary Education (B.El.Ed)

TET Exam Syllabus:

TET Syllabus for Paper 1
1. Child Development and Pedagogy-30 questions -30 marks
2. Language-I–30 questions -30 marks
3. Language-II–30 questions -30 marks
4. Mathematics –30 questions -30 marks
5. Environmental Studies–30 questions -30 marks

TET Syllabus for Paper 2
1. Child Development and Pedagogy-30 questions -30 marks
2. Language-I–30 questions -30 marks
3. Language-II–30 questions -30 marks
4(a).Mathematics -60 questions -60 marks
4(b).Social Studies-60 questions-60 marks

अलग अलग स्टेट की TET एग्जाम की जानकारी :

UPTET:

Uttar Pradesh Basic Education Board (UPBEB) द्वारा हर साल UPTET कंडक्ट की जाती है | इसमें दो पेपर होते है | जो ऊपर बताए गए है |

RTET: Rajasthan Teacher Eligibility Test

Rajasthan Board of Secondary Education (RBSE) द्वारा हर साल RTET कंडक्ट की जाती है |

HTET : Haryana Teacher Eligibility Test

Board of School Education Haryana (BSEH) द्वारा Haryana Teacher Eligibility Test (HTET) ली जाती है |

PSTET: Punjab State Teacher Eligibility Test

Department of School Education of Punjab द्वारा Punjab State teacher eligibility test जिसे PSTET exam कहा जाता है, वो ली जाती है |

MAHATET: Maharashtra Teacher Eligibility Test

महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा (MAHATET) कहा जाता है, यह महाराष्ट्र स्टेट में कंडक्ट की जाती है |

KTET: Kerala Teacher Eligibility Test

Kerala स्टेट में K-TET कंडक्ट की जाती है |

TamilNadu Teacher Eligibility Test

Tamil Nadu स्टेट में TNTET

WETET: West Bengal Teacher Eligibility Test

West Bengal में WBTET कंडक्ट की जाती है |

तो अब आप समझ गए होंगे की TET एग्जाम क्या होती है ? tet के लिए क्या क्वालिफिकेशन की जरुरत होती है ? फिर भी आपका कोई सवाल हो तो निचे कमेंट में हम से शेयर कर सकते है |

27/11/2018

B.Ed Course क्या है ? बीएड की पूरी जानकारी: Fees, Subjects

B.Ed Course क्या है ? बीएड की पूरी जानकारी: Fees, Subjects


विधार्थी जीवन में हर किसी का एक सपना होता है, की वो आगे बढ़कर इंजिनियर बने, किसी का सपना होता है डॉक्टर बने, तो किसी का सपना होता है आगे चल को टीचर बने | टीचर याने गुरु अगर हमारे जीवन में माता-पिता के बाद किसी का स्थान आता है तो वो है, हमारे टीचर का |

B.Ed Course क्या है ? बीएड की पूरी जानकारी

अगर आप भी एक अच्छा टीचर बनाना चाहते है, लेकिन आपको इसके बारे में जानकारी नहीं है की टीचर बनने के लिए करना पड़ेगा? teacher बनने के लिए क्या योग्यता की जरुरत होगी ? इन जैसे कई सवालो के जवाब आपको इस आर्टिकल में मिल जाएंगे |

इसके लिए आपको b.ed कोर्स क्या होता है ? b.ed कितने साल का course है ? b.ed में कितने  subject होते है ? इन सभी की जानकारी लेने आवश्यक है |

B.Ed  क्या होता है ?

Bachelor of Education (B.Ed.) एक स्नातक professional degree है | शिक्षा क्षेत्र में आने के लिए हमे जरुरत डिग्री की आवश्यकता होती है |
अगर आप किसी गवर्नमेंट स्कूल में टीचर के रूप में कार्य करना चाहते है तो आपके पास बीएड की डिग्री होना अनिवार्य है |
भारत में, बैचलर ऑफ एजुकेशन (बीएड) एक स्नातक पाठ्यक्रम है जो शिक्षण करियर में रुचि रखने वालों के छात्रों के लिए है B.Ed. माध्यमिक (कक्षा 6 से 10) और उच्चतर माध्यमिक (10 + 2 या कक्षा 11 और 12) को पढ़ाने के लिए अनिवार्य डिग्री है |

बीएड के लिए योग्यता : b.ed ke liye qualification

बीएड में प्रवेश के लिए आवश्यक न्यूनतम योग्यता कोई भी बैचलर डिग्री होना अनिवार्य है | बीएड कोर्स के लिए ग्रेजुएशन में कम से कम 50% अंक होने जरुरी है |
जैसे बैचलर ऑफ आर्ट्स (बीए) या बैचलर ऑफ साइंस (बीएससी) |
कला धारा के छात्रों को इतिहास, भूगोल और भाषाओं जैसे विषयों को पढ़ाने के लिए प्रशिक्षित किया जाता है, विज्ञान के छात्रों को गणित, भौतिकी, रसायन शास्त्र और जीवविज्ञान को पढ़ाने के लिए प्रशिक्षित किया जाता है|

बीएड कैसे करे :

बीएड प्रवेश प्रक्रिया बहुत सरल और सीधी होती है | बीएड पाठ्यक्रम के लिए आवेदन करने के लिए अधिकांश विश्वविद्यालयों में ऑनलाइन प्रक्रिया होती है |
बीएड कोर्स प्राइवेट और गवर्नमेंट दोनों महाविद्यालय मौजूद है | लेकिन प्राइवेट महाविद्यालय में एडमिशन लेने से पहले जाच ले की वो गवर्नमेंट मान्य महाविद्यालय  है |

बीएड कोर्स के लिए पहले Entrance Exam भी देनी पड़ती है |(कई यूनिवर्सिटी या स्टेट मे एंट्रेंस एग्जाम देनी पड़ती है )| आम तौर पर, परीक्षा मई या जून के महीने में आयोजित की जाती है |

एंट्रेंस एग्जाम में गणित क्षमता, मानसिक क्षमता प्रश्न, सामान्य ज्ञान भाषा क्षमता परीक्षण, विषय परीक्षा (कला, विज्ञान, कृषि, वाणिज्य) आदि विषय पर सवाल पूछे जाते है |
छात्रों का सिलेक्शन एंट्रेंस एग्जाम के आधार पर किया जाता है |

B.Ed Kitne Saal Ka Course Hai/ B.Ed Kitne Year Ka Hota Hai?

बीएड कोर्स 2 साल का कोर्स होता है |

B.Ed Me Kitne Subject Hote Hai / B.Ed Me Kon Kon Se Subject Hote Hai
बीएड कोर्स में निचे दिए गए सब्जेक्ट होते है |
Subjects in B.Ed
Compt Edu./Math.
Compt Edu./Language
Comm./Eco.
Sci./Language
Phy.Sci./Life Sci.
Phy.Sci./Math.
S.S./Language
Eco./Math.
Fine Art /Language
Music/Language

बीएड कोर्स की फीस - B.Ed Ki Fees Kitni Hai

बीएड कोर्स करने से पहले हमे यह जानना जरुरी है, की बीएड कोर्स करने के लिए कितनी फीस ली जाती है | फीस कॉलेज पर भी निर्भर होती है | बीएड दो साल का कोर्स है | इसमें बीएड डिस्टेंस और रेगुलर यह दो प्रकार होते है, जिसकी फीस अलग अलग होती है |


लेकिन इसकी एवरेज फीस एक साल के लिए Rs. 20,000-25,000 तक हो सकती है |इसमे निजी कॉलेज के लिए अलग और गवर्नमेंट कॉलेज के लिए अलग अलग होती है |

बीएड के लिया कहा कहा जॉब मिल सकता है - B.Ed. Employment opportunities
Schools& Colleges,
Education Consultancies,
Education Departments,
Home Tuitions,
Private Tuitions,
Coaching Centers

बीएड करने के लिए कितनी सैलरी मिलती है ?

इंडिया में एक शिक्षक को औसतन Rs.3 lacs per annum सैलरी मिलती है | लेकिन एक्सपीरियंस के बाद इसमें बढ़ोतरी होती रहती है |
Government schools जिसमे TGT वाले शिक्षक को Rs.3 lacs per year और PGT वाले शिक्षक को Rs.4.5 lacs per year तक सैलरी मिल सकती है |

B.Ed Ke Baad Kya Kare

Future after B.Ed/ B.Ed Scope / Career Options after B.Ed Course
बीएड कोर्स पूरा करने के बाद आगे क्या करना है, इस तरह का सवाल मन में आता है |
M.Ed. :बीएड कोर्स के बाद उच्च शिक्षा विकल्प जिसमे एमएड कोर्स कर सकते है | बीएड को पूरा करने के बाद, आपके पास निजी स्कूल के साथ-साथ सरकारी स्कूलों में अच्छी वेतन पैकेज के साथ नौकरी पाने के कई असवर है |

TET: शिक्षक पात्रता परीक्षा टीईटी के रूप में जानी जाती है शिक्षकों के लिए एक भारतीय प्रवेश परीक्षा है |
कक्षा 1 से कक्षा 8 तक सरकारी स्कूलों में शिक्षण नौकरियां प्राप्त करने के लिए परीक्षा अनिवार्य है |

अगर गलत अकाउंट में पैसे चए जाए तो ऐसे पाएं अपने पैसे वापिस

अगर गलत अकाउंट में पैसे चए जाए तो ऐसे पाएं अपने पैसे वापिस


पैसा गलत अकाउंट में ट्रांसफर हो जाए तो करे यह काम , Galat Account number me paise transfer ho jate hai to kya kare

अगर गलत अकाउंट में पैसे चए जाए तो ऐसे पाएं अपने पैसे वापिस

दोस्तों आज टेक्नोलॉजी इतनी बढ़ गयी है, की हम घर बैठे किसी को भी पैसे ट्रान्सफर कर सकते है, लेकिन क्या आपसे किसी गलत अकाउंट में पैसे ट्रान्सफर हो गए है ? अगर हां, तो एसे में हमे क्या करना है इसके बारे में जानकारी होनी जरुरी है |

आज ऑनलाइन पैसे ट्रान्सफर करने के लिए हमारे पास कई तरीके है जैसे , GooglePay, PhonePe, BHIM UPI, Internet Banking, NEFT/RTGS इनसे हम आसानी से पैसे ट्रान्सफर कर सकते है |
लेकिन कभी कभी गलती से या फिर जल्दी जल्दी में हम से अकाउंट नंबर गलत हो जाता है और पैसे किसी दुसरे के अकाउंट में ट्रान्सफर हो जाते है |

लेकिन अगर हम से Account number गलत हो गया और पैसे कट हो गए लेकिन वह अकाउंट नंबर मौजूद है नहीं है तो आपके पैसे वापिस मिल जाएंगे | लेकिन गलती से दुसरे के बैंक अकाउंट में पैसे जाने पर क्या हमारे पैसे वापिस मिल सकते है ? इसी के बारे में आपको निचे विस्तार में बताया गया है |

क्या करें अगर हो जाए गलती? गलती से पैसे किसी दूसरे अकाउंट में ट्रान्सफर होने पर यह काम करे :

गलती से पैसे किसी दुसरे अकाउंट में ट्रान्सफर होने पर तुरंत अपने बैंक को इन्फॉर्म करे | या फिर बैंक के कस्टमर केयर से कॉल कर के उनको बताये | या फिर बैंक मेनेजर को जाकर बताए|


एक बात ध्यान में रखे की आपके पास जिस बैंक में गए है, वही बैंक में पैसे वापिस लाने में मदद कर सकती है |
आपको अपनी बैंक को जो transaction हुआ है, उसके बारे में जानकारी देनी पड़ेगी जिसमे आपको transaction date, आपका अपना account number और जिस अकाउंट में पैसे ट्रान्सफर हुए है वो अकाउंट नंबर, और transaction id

जिस बैंक में पैसे गए है वहा जाकर शिकायत दर्ज करे :

मान लीजिये आपका अकाउंट पंजाब नेशनल बैंक में है और आपसे गलती से पैसे ट्रान्सफर हुए है, उसका खाता स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया (SBI) का है |

तो आपको SBI में जाकर शिकायत दर्ज करनी है की गलती से आपके पैसे -----अकाउंट नंबर पर चले गए है | क्यों की कोई भी बैंक बिना कस्टमर की परमिशन के पैसे ट्रान्सफर नहीं कर सकती |

शिकायत दर्ज करने पर बैंक वो अकाउंट नंबर चेक कर सकती है | अगर सामने वाला वक्ती समझदार है और वह पैसे वापिस करने को तैयार होता है तो आपके पैसे वापिस मिल जाएंगे |

सामने वाला वक्ती जिसके खाते में पैसे गलती से गए है वो वापिस नहीं कर रहा क्या करे ?

इसमें दो सिचुएशन है, जैसे अगर बैंक की तरफ से गलती हुई है, जैसे आपका अकाउंट नंबर सही था, लेकिन बैंक की और से गलती से पैसे ट्रान्सफर हुए है तो पैसे वापिस लाने की जिम्मेदारी बैंक की है और बैंक Reverse transaction कर सकती है |


लेकिन गलती आपसे हुई है, आपने बैंक में जाकर शिकायत की है, लेकिन सामने वाला वक्ती पैसे वापिस देने को तैयार नहीं है |
तो एसे में अगर रकम बड़ी है, और आपके पास transaction id है तो आप सामने वाले वक्ती पर केस फाइल कर सकते है | जिसके लिए आप अपने Advocate की मदद ले सकते है |

इसलिए पैसे ट्रान्सफर करते समय कुछ ध्यान में रखने वाली बाते :

जिस वक्ती को पैसे ट्रान्सफर करना चाहते है उसका अकाउंट नंबर, IFSC कोड सही से जाच ले | पैसे ट्रान्सफर करने से पहले 1-2 बार कन्फर्म कर ले की वही सही नंबर है |
अगर अमाउंट बड़ी है, तो पहले 10-20 रूपए सेंड करे और सामने वाले वक्ती का कन्फर्मेशन आने के बाद बाकी राशी ट्रान्सफर करे |